Tuesday, March 2, 2021

ऐसे करें कोई भी बड़ा परिवर्तन!


आज मैं अपने किसी परिचित से बात कर रहा था और अचानक से सामाजिक परिवर्तन पर चर्चा होने लगी | बातचीत के दौरान मुझे अहसास हुआ कि शायद वो सामाजिक परिवर्तन को लेकर मेरे विचार और एक विषय विशेष पर मेरे सुझाव जानना चाहते थे | बातचीत समाप्त होने के बाद मेरे मन में कुछ प्रश्न उठे और मैंने उन प्रश्नों पर मंथन शुरू कर दिया | आप इस लेख को उसी मंथन का परिणाम कह सकते हैं |

जब बात परिवर्तन की आती है तो एक बात तो तय है कि कोई भी बदलाव आसान नहीं होता है | फ़िर बात चाहें आपकी किसी आदत में परिवर्तन की हो, या परिवार, ऑफिस, समाज या देश-दुनियाँ में किसी बदलाव की | परिवर्तन कठिन अवश्य है, परन्तु असंभव नहीं | ऐसे बहुत से उदाहरण हमारे पास हैं जहाँ लोगों ने विषम परिस्थितियों में भी अपने निजी जीवन और समाज में बड़े सकारात्मक परिवर्तन स्थापित किए हैं | आइए आज हम ऐसे कुछ बिन्दुओं पर बात करेंगे जो किसी सकारात्मक परिवर्तन के लिए आवश्यक हैं |

1. परिवर्तन स्पष्ट होना चाहिए |

पहली बात, किसी भी परिवर्तन से पहले आवश्यक है कि आप वर्तमान की स्थिति का  सही आंकलन करें | दूसरी बात, आपके मन मस्तिष्क में यह स्पष्ट होना चाहिए कि आप क्या बदलाव करना चाहते हैं | और तीसरी बात, आपको यह पता होना चाहिए कि परिवर्तन से आपको क्या परिणाम मिलेंगे | कई बार हम बातें तो करते हैं कि परिवर्तन होना चाहिए पर हमें यह पता ही नहीं होता कि वास्तव में हमें क्या बदलाव करना है | इसलिए, कोई भी परिवर्तन तभी लाया जा सकता है जब आप उसे लेकर पूर्ण रूप से स्पष्ट हों | 

2. परिवर्तन की ओर पहला कदम उठाएं |

कुछ लोग बहुत समय तक या कभी-कभी तो जीवन भर बस सोचते ही रहते हैं, पर परिवर्तन की दिशा में कोई कदम नहीं बढ़ाते | परिणाम केवल सोचने से नहीं, बल्कि सोच समझकर सही दिशा में कदम बढ़ाने से मिलते हैं | इसलिए केवल सोचते मत रहिये, उठिए और परिवर्तन की दिशा में कदम आगे बढ़ाईए |

3. आपको आगे फ्रंट पर आना पड़ेगा |

जिस सोच को आप वास्तविकता में बदलना चाहते हैं, उसके लिए आपको आगे फ्रंट पर आना पड़ेगा | लोग आमतौर पर कहते हैं कि आज फ़िर से समाज को एक भगत सिंह की आवश्यकता है | पर वो किसी दूसरे के घर से ही निकले तो अच्छा है | मतलब हम परिवर्तन तो चाहते हैं, परन्तु उसके लिए आगे नहीं आना चाहते | जब परिवर्तन आप चाहते हैं, परिवर्तन का विचार आपका है, तो आगे भी तो आपको ही आना पड़ेगा | 

4. अपने कम्फर्ट जोन (comfort zone) से बाहर आइए |

परिवर्तन चाहें छोटा या बड़ा हो, पर अगर आप परिवर्तन को ले कर गंभीर हैं, तो आपको अपने सुविधा क्षेत्र (comfort zone) से बाहर निकलना पड़ेगा और परेशानियों को झेलने के लिए तैयार होना पड़ेगा | मात्र घर में बैठकर सोचते रहने से कोई बड़ा परिवर्तन नहीं लाया जा सकता | 

5. लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए रणनीति बनाएं |

परिवर्तन के किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए आपको एक रणनीति (strategy) बनानी चाहिए | कोई भी बड़ा लक्ष्य एक रणनीति बनाकर और उस पर चलकर ही प्राप्त किया जा सकता है | आप क्या बदलाव चाहते हैं? आप वह बदलाव कैसे करेंगे? बदलाव की प्रक्रिया के कौन-कौन से चरण होंगे? आदि बातें पहले से निर्धारित होनी चाहिए | तभी आप अपने वास्तविक लक्ष्य तक पहुँच पायेंगे | कहते हैं कि “If You Fail to Plan, You Are Planning to Fail!”

6. पूरे मन से प्रयास करें |

परिवर्तन के लिए जो भी प्रयास करें वह पूरे मन से होना चाहिए | आधे-अधूरे मन से किया गया प्रयास आपको कभी भी सफलता नहीं दिला सकता | मार्ग में कुछ परेशानियाँ आने पर भी मन छोटा मत कीजिए, मन को मजबूत रखिये और पूरे मन से दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़िये | क्योंकि संकल्प का कोई विकल्प नहीं होता |

7. आपको कुछ लोगों का बुरा बनना पड़ेगा |

यह कभी संभव नहीं है कि आप सब लोगों को ख़ुश रखते हुए कोई सकारात्मक और बड़ा परिवर्तन कर पाएं | आप कितना भी बेहतर काम करें, आप कितना भी समाज और देशहित का काम करें, फ़िर भी कुछ लोग आपका विरोध अवश्य करेंगे | आपको उनका विरोध झेलते हुए आगे बढ़ना पड़ेगा | आपको उनका बुरा बनना ही पड़ेगा | यदि आप सब लोगों को प्रसन्न रखने का प्रयास करेंगे तो आप कभी भी परिवर्तन नहीं कर पायेंगे |

8. परिणाम की ज़िम्मेदारी उठाने के लिए रहिये तैयार |

परिवर्तन के लिए कदम आपने उठाया है, तो परिणाम की ज़िम्मेदारी उठाने के लिए भी आपको तैयार रहना पड़ेगा | यह आवश्यक नहीं है कि आपको परिणाम हमेशा आशा के अनुरूप ही मिलें | परिणाम चाहें अनुकूल हो या प्रतिकूल, आप उसका उत्तरदायित्व उठाने के लिए तैयार रहिये | एक अच्छा लीडर हमेशा हार की ज़िम्मेदारी स्वयं उठाता है और जीत का श्रेय अपनी टीम को देता है | 

9. अपनी शक्ति को बढाएं |

आपने यह बात अवश्य सुनी होगी कि एकता में शक्ति होती है, या एक और एक ग्यारह होते हैं आदि | परिवर्तन का जो विचार आपके मन में है या जिस पर आप काम कर रहे हैं, विश्वास कीजिए कि आपके आस पास ऐसे लोग अवश्य होंगे जो आपके विचार से सहमत होंगे | आप अपने जैसे लोगों को अपने साथ जोड़कर अपनी शक्ति को बढाएं | 

किसी भी सकारात्मक परिवर्तन के लिए सोच समझकर एक रणनीति के अंतर्गत पूरे मन और दृढ़ संकल्प के साथ अपने जैसे लोगों को साथ लेकर आगे बढ़िये | एक बात का स्मरण सदैव रखिये कि आप जब भी समाज और देशहित में किसी भी सकारात्मक परिवर्तन के लिए काम करेंगे तो आपको विरोध सहने के लिए भी तैयार रहना पड़ेगा | जानते हैं: 

दुनियाँ में सबसे ज्यादा मुर्गा मारा जाता है 

क्योंकि 

वो दुनियाँ को जगाने का प्रयास करता है |

सादर 


प्रवीण चौधरी 
अध्यक्ष, व्यापक फाउंडेशन 
praveen@vyaapak.org
WhatsApp : 8178983844
Telegram: @VyaapakFoundation

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